गायत्री शक्ति पीठ दमोह में बैठक : जिला स्तरीय बैठक
Jankranti Express
Mon, Jun 22, 2026
स्थानीय गायत्री शक्तिपीठ, टंडन बगीचा दमोह से जुड़े जिले भर के सक्रिय गायत्री परिजनों की एक बैठक आज सम्पन्न हुई।

इस बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में विवेकानंद विश्वविद्यालय,सागर के कुलपति डॉ अनिल तिवारी ने अपने उद्बोधन में कहा कि मेरा जन्म,शिक्षा दीक्षा दमोह में ही हुई और जन्म से ही गायत्री परिवार से जुड़ा हूँ। उन्होंने दमोह जिले के गायत्री परिजनों की लगन और गुरुदेव के प्रति समर्पण को एक उदाहरण के रूप में रेखांकित किया।
गायत्री जयंती के आयोजन के लिए डॉ सी एल नेमा हटा ने विभिन्न दृष्टांत सुनाते हुए सभी से कहा कि गायत्री ही कामधेनु है। इसका जप,तप,अनुष्ठान मनुष्य को मानव से महा मानव और देव मानव बनाता है। प्रत्येक प्रज्ञा संस्थानों में इस दिन गायत्री महामंत्र का सामूहिक अखंड मौन जप 12 अथवा 24 घंटे का किया जाना चाहिये और ज्यादा से ज्यादा लोगों को यज्ञ में भागीदारी कराना चाहिए।
पथरिया से आए पंडित राजेंद्र गुरु ने कहा कि हम सब सिर्फ़ गायत्री शक्तिपीठ दमोह से ही शुरू से जुड़े हुए है और यहाँ के परिजनों के साथ मिलकर गायत्री परिवार के कार्यक्रमों को जन जन तक पहुंचाने में लगे है।
भाव सिंह ठाकुर नोहटा ने आव्हान किया कि दमोह जिले भर में सभी ग्राम पंचायतों, स्कूलों, पुस्तकालयों में पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित युग साहित्य पहुंचाया जाना चाहिए। नोहटा विधान सभा क्षेत्र की 132 ग्राम पंचायतों में यह साहित्य स्थापित किया जा चुका है।
तेंदूखेड़ा से जे पी खरे ने कहा कि हमारे क्षेत्र में अलग अलग ग्रामों में प्रतिमाह पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ किया जा रहा है और गायत्री शक्तिपीठ तेंदूखेड़ा में नित्य प्रति यज्ञ के साथ विभिन्न संस्कार कराये जाते है।
बटियागढ़ के शिक्षक आई पी चौरसिया ने आज की इस गोष्ठी को जिले भर में गायत्री परिवार की गतिविधियों को गति देने मील का पत्थर बतलाया।
पटेरा के वरिष्ठ गायत्री परिजन मुन्ना अवधिया ने जिले भर के कार्यकर्ताओं से कहा कि एक जुट होकर स्वच्छ मन से गुरुदेव के सौंपे उत्तरदायित्वों को पूरा करने समर्पित होकर लग जाना चाहिए।
सबसे वरिष्ठ गायत्री परिजन अर्जुन लाल पटेल ने दमोह जिले में गायत्री परिवार की स्थापन वर्ष 1967 से लेकर सभी कार्यक्रमों और घटनाओं का सजीव चित्रण तो किया ही ,साथ ही गुरुदेव के प्रवचन के उस अंश को भी सुनाया जिसमें गुरुदेव ने कहा था कि आने वाले 50,60 वर्षों में यह संगठन विश्व व्यापी हो जाएगा तो ऐसे तत्वों से सावधान रहने नसीहत देते हुए कहा था कि गायत्री परिवार की ख्याति और लोक प्रियता को देखते हुए कुछ स्वार्थी लोग चमगादड़ और कौवे जैसे इसके मंच पर आने की कोशिश करेंगे
वरिष्ठ परिजन पंडित बी पी गर्ग ने आगामी 2030 तक दमोह जिले में किए जाने वाले आयोजनों की जानकारी देते हुए आभार प्रदर्शन किया।
इस कार्यकर्ता गोष्ठी में जिले भर की सभी तहसीलों से सैकड़ों की संख्या में परिजन,भाई बहिन,युवा उपस्थित रहे।
मडियादो से रामकिशुन मिश्रा की संगीत टोली ने भाव विभोर का देने वाले प्रज्ञा गीतों से सभी उपस्थित परिजनों को झकझोर दिया।
कार्यक्रम का संचालन व्यवस्थापक पंकजछ हर्ष श्रीवास्तव ने किया।
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